त्रिपुरा में भारी बारिश के बाद बाढ़ की स्थिति गंभीर बनी हुई है। मुख्यमंत्री माणिक साहा ने रविवार शाम पश्चिम त्रिपुरा जिले के अगर्तला में बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा कर हालात का जायजा लिया। उन्होंने प्रभावित लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं और राहत कार्यों की जानकारी ली।
राहत शिविरों में पहुंचकर पीड़ित परिवारों से मिले सीएम
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने राहत शिविरों का भी निरीक्षण किया, जहां बाढ़ से प्रभावित कई परिवारों ने शरण ली है। उन्होंने विवेकानंद स्कूल, बड़दोवाली में बनाए गए राहत शिविर का दौरा कर विस्थापित लोगों से बातचीत की और उन्हें प्रशासन की ओर से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया।
सीएम साहा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी देते हुए बताया कि लगातार बारिश के बाद पश्चिम त्रिपुरा जिले के आश्रम चौमोहानी के पास बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का दौरा किया गया। उन्होंने कहा कि प्रशासन लोगों की सुरक्षा और राहत के लिए लगातार काम कर रहा है।
हाओरा नदी खतरे के निशान से ऊपर
केंद्रीय जल आयोग (CWC) ने त्रिपुरा में बाढ़ को लेकर अलर्ट जारी किया है। आयोग के अनुसार, पश्चिम त्रिपुरा जिले में हाओरा नदी गंभीर बाढ़ की स्थिति में बह रही है और इसका जलस्तर लगातार बढ़ रहा है।
रविवार सुबह 8 बजे नदी का जलस्तर 10.72 मीटर दर्ज किया गया, जो खतरे के निशान 10.70 मीटर से 0.02 मीटर ऊपर है। जल आयोग ने नदी के बढ़ते जलस्तर को देखते हुए सतर्क रहने की सलाह दी है।
NDRF और SDRF राहत अभियान में जुटी
भारी बारिश के कारण अगर्तला समेत कई इलाकों में फ्लैश फ्लड और जलभराव की स्थिति देखने को मिली है। उपखंड प्रशासन, पुलिस, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ की टीमें राहत, बचाव और लोगों की सहायता में जुटी हुई हैं। प्रशासन की ओर से प्रभावित क्षेत्रों में लगातार निगरानी की जा रही है।



