राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले की जांच के बीच अब मंदिर निर्माण के लिए जुटाए गए चंदे पर भी बड़े सवाल उठने लगे हैं। कर्नाटक के सामाजिक कार्यकर्ता और रामभक्त दीपक पाटिल ने यूपी SIT को पत्र लिखकर भाजपा विधायक प्रभु चव्हाण समेत तीन लोगों के खिलाफ जांच की मांग की है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि इन लोगों ने भगवान का चंदा हड़पा, गबन किया और बेहिसाब प्रॉपर्टी बनाई है।
बीजेपी विधायक और वीएचपी नेता पर गंभीर आरोप
शिकायत में औरद (Aurad) से भाजपा विधायक प्रभु चव्हाण, वीएचपी (VHP) नेता गोपालजी और उनके सहयोगी सतीश नौबड़े पर चंदा संग्रह के दौरान कथित अनियमितताओं के सीधे आरोप लगाए गए हैं। शिकायतकर्ता दीपक पाटिल का दावा है कि यह घपला करोड़ों रुपये का है। राम मंदिर निर्माण अभियान और चंदा संग्रह के दौरान संबंधित लोगों की संपत्तियों में असामान्य बढ़ोतरी हुई और इन तीनों ने चंदे की रकम से बेहिसाब प्रॉपर्टी खड़ी की।
SIT को सौंपे गए सबूत
रामभक्त दीपक पाटिल ने इन आरोपों के संबंध में SIT को सबूत भी सौंपे हैं। उन्होंने SIT से इन आरोपों की निष्पक्ष जांच कराने और आरोपियों की कथित बेनामी अचल संपत्तियों की भी गहनता से पड़ताल करने की मांग की है। इस शिकायत के बाद राम मंदिर चंदा कलेक्शन में हुए कथित गबन को लेकर सियासी और सामाजिक हलकों में हलचल तेज हो गई है।



