लखनऊ : उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से इस वक्त की बड़ी राजनीतिक खबर सामने आ रही है, जहां राज्यसभा चुनाव को लेकर सियासी सरगर्मी बेहद तेज हो गई है। राज्य में कुल 10 सीटों पर राज्यसभा का चुनाव होना है, जिसके लिए राजनीतिक दलों ने अपनी तैयारियां पूरी करनी शुरू कर दी हैं। इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (BJP) द्वारा राज्यसभा चुनाव के लिए नौवां पर्चा खरीदे जाने के बाद राजनीतिक गलियारों में सेंधमारी और क्रॉस वोटिंग की अटकलें तेज हो गई हैं।
मौजूदा संख्या बल के हिसाब से विधानसभा में बीजेपी के 8 और समाजवादी पार्टी (SP) के 2 प्रत्याशियों की जीत पूरी तरह तय मानी जा रही है। हालांकि, गणित के मुताबिक बीजेपी के पास अपने 8 प्रत्याशियों को जिताने के बाद भी कुछ अतिरिक्त वोट बच रहे हैं, और इसी तरह समाजवादी पार्टी के पास भी कुछ अतिरिक्त वोट मौजूद हैं। सपा की ओर से रामगोपाल यादव और धनराज ने पहले ही अपना नामांकन दाखिल कर दिया है। लेकिन बीजेपी द्वारा अतिरिक्त पर्चा खरीदे जाने के बाद अब सियासी जानकारों का मानना है कि चुनाव में मुकाबला दिलचस्प हो सकता है और क्रॉस वोटिंग की आशंका से इंकार नहीं किया जा सकता।
यही वजह है कि दोनों ही प्रमुख दलों के शीर्ष नेतृत्व के सामने अपने-अपने विधायकों को एकजुट रखने और पाला बदलने से रोकने की एक बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। आगामी दिनों में मतदान की प्रक्रिया नजदीक आने के साथ ही उत्तर प्रदेश का यह सियासी पारा और अधिक चढ़ने की पूरी उम्मीद है।



