मुजफ्फरनगर। जिले के बुढ़ाना कस्बे के डीएवी रोड स्थित यूपी ग्रामीण बैंक की शाखा से लाखों रुपये के गबन का मामला सामने आया है। शाखा में दो दिन पहले प्रबंधक का तबादला होने के बाद जब कुछ खाताधारक अपनी पासबुक एंट्री कराने पहुंचे, तो उन्हें जमा की गई राशि खाते में नहीं दिखी। इसके बाद यह मामला खुल गया और बैंक में खाताधारकों की भीड़ लग गई।
खाताधारकों ने किया हंगामा
खाताधारकों ने बैंक मैनेजर पर गबन का आरोप लगाते हुए जमकर हंगामा किया। हंगामे की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। बैंक में शनिवार शाम सात बजे तक टीम ने जांच-पड़ताल की।
पांच सदस्यीय टीम कर रही जांच
ग्रामीण बैंक के क्षेत्रीय प्रबंधक यूसुफ खान को दो दिन पहले औचक निरीक्षण के दौरान शाखा में कुछ संदिग्ध प्रतीत हुआ था, जिस पर उन्होंने वर्तमान प्रबंधक को जांच करने के निर्देश दिए थे। मामले की जांच के लिए बैंक ने पांच सदस्यीय टीम का गठन किया है। बैंक के पूर्व प्रबंधक रूपक राणा को निलंबित कर दिया गया है।
कैसे खुला मामला?
बुढ़ाना के डीएवी रोड स्थित इस शाखा में रूपक राणा प्रबंधक थे और दो दिन पहले उनका स्थानांतरण हो गया था। उनकी जगह विभव कुमार नए प्रबंधक बने हैं। कई खाताधारकों ने पासबुक एंट्री के दौरान जमा रकम न मिलने की शिकायत विभव कुमार से की। शुक्रवार से शनिवार तक यह सूचना अन्य ग्राहकों तक पहुंची और एंट्री कराने के लिए भीड़ लग गई। इसके बाद प्रबंधक ने जिला मुख्यालय को सूचना दी और मुजफ्फरनगर से डिप्टी रीजनल मैनेजर नवदीप सिंह टीम के साथ जांच के लिए पहुंचे।
ग्राहकों ने क्या बताया?
ग्राहक अमित ने बताया कि उसने होम लोन लिया था और 10 लाख रुपये जमा किए थे, लेकिन उसके खाते में जमा राशि नहीं दिख रही है। इसी तरह की शिकायत अन्य ग्राहकों ने भी की। फिलहाल सभी खातों का स्टेटमेंट निकलवाया जा रहा है।
बैंक और पुलिस का बयान
यूपी ग्रामीण बैंक के डिप्टी रीजनल मैनेजर नवदीप सिंह ने बताया कि 10-15 ग्राहकों की शिकायत आई है। बैंक के दैनंदिन कार्य में कोई रुकावट नहीं है और हर ग्राहक का पैसा सुरक्षित है। अभी मामले में कोई एफआईआर दर्ज नहीं कराई गई है। इंस्पेक्टर सुभाष अत्री का कहना है कि बैंक अधिकारी जांच कर रहे हैं और जांच के बाद जो तहरीर दी जाएगी, उसके अनुसार कार्रवाई की जाएगी।



