लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विश्व युवा कौशल दिवस के अवसर पर इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान में आयोजित कार्यक्रम में पूर्ववर्ती सरकारों पर जमकर हमला बोला। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में सरकार ही अपशगुन थी, सरकारी नौकरी पर एक खानदान का अधिकार था और चाचा-भतीजे की जोड़ी वसूली करती थी। सीएम ने कहा कि उस दौर में युवाओं के सामने पहचान का संकट था, प्रदेश के बाहर उनका कोई सम्मान नहीं था और पूरे उत्तर प्रदेश में असुरक्षा का माहौल था।
युवाओं को लेकर क्या बोले सीएम?
मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले बिना पैसे के कोई काम नहीं होता था और बेटी-व्यापारी सुरक्षित नहीं थे, लेकिन आज स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। अब प्रदेश में युवाओं को पर्याप्त रोजगार मिल रहा है, नौकरी के लिए किसी सिफारिश की जरूरत नहीं पड़ती और युवा पलायन करने को मजबूर नहीं हैं। सीएम ने युवा फोर्स को उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी ताकत बताया।
कार्यक्रम में क्या-क्या लॉन्च हुआ?
इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कौशल सारथी और कौशल सेतु डिजिटल मॉड्यूल लॉन्च किया, साथ ही कौशलम पुस्तिका और एम्प्लॉयबिलिटी व सॉफ्ट स्किल्स मैनुअल का विमोचन भी किया। कार्यक्रम के दौरान 21 युवा आइकॉन और विभिन्न आईटीआई संस्थानों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित भी किया गया।



