डेस्क : महात्मा गांधी की 157वीं जयंती यानी गांधी जयंती के पावन अवसर पर महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने मुंबई में ‘धारावी एक्सपीरियंस सेंटर’ (Dharavi Experience Centre) का भव्य उद्घाटन किया। इस अवसर पर सीएम फडणवीस ने धारावी पर आधारित एक विशेष एंथम और इस ऐतिहासिक मोहल्ले तथा इसके एक मिलियन से अधिक निवासियों की जीवनशैली को समर्पित एक कॉफी टेबल बुक भी जारी की। यह एक्सपीरियंस सेंटर एशिया की सबसे बड़ी अनियोजित बस्तियों में शुमार धारावी के पुनर्विकास (Redevelopment) को लेकर लोगों को एक नया और पारदर्शी विजन दिखाने के उद्देश्य से तैयार किया गया है।

लगभग 22,500 वर्ग फीट के विशाल क्षेत्र में फैले इस एक्सपीरियंस सेंटर में स्थानीय निवासियों और आगंतुकों को पुनर्विकास योजना की पहली झलक मिल रही है। इसमें 350 वर्ग फीट के लाइफ-साइज पुनर्वास घर और 500 वर्ग फीट के रिन्यूअल अपार्टमेंट्स के सैंपल तैयार किए गए हैं, जहां लोग अंदर जाकर कमरों के लेआउट और स्पेस का प्रत्यक्ष अनुभव ले सकते हैं। इसके अलावा, एक विस्तृत 3D वॉकथ्रू और डिजिटल प्रदर्शनियों के माध्यम से प्रस्तावित टाउनशिप, आवासीय व व्यावसायिक क्षेत्रों, सड़कों, परिवहन लिंक और सार्वजनिक खुले स्थानों को बेहद खूबसूरती से प्रदर्शित किया गया है।

पुनर्विकास योजना के तहत धारावी के लोगों के घरों और आजीविका के बीच के पुराने जुड़ाव को सुरक्षित रखते हुए स्कूल, आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाएं, पार्क, पूजा स्थल और एक मल्टीमॉडल ट्रांसपोर्ट हब जैसी बेहतरीन सुविधाएं मुहैया कराई जाएंगी। इस व्यापक योजना में मिथि नदी का पुनरुद्धार, धारावी में लगभग 40,000 पेड़ लगाना और 3.3 किलोमीटर लंबे पब्लिक रिवरफ्रंट का विकास भी शामिल है। इसके साथ ही, सेंटर पर डिजिटल और असिस्टेड चैनलों के जरिए सर्वे, पात्रता, दस्तावेजों और पुनर्वास से जुड़ी पूरी जानकारी भी उपलब्ध कराई जा रही है, जिससे नागरिकों को इस ऐतिहासिक बदलाव की प्रक्रिया को समझने में आसानी होगी।













