वाराणसी के सिगरा थाना क्षेत्र से सामने आए सनसनीखेज हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। शिवपुरवा निवासी 19 वर्षीय ईशू कन्नौजिया की हत्या उसके ही तीन दोस्तों ने मिलकर की थी। पुलिस ने मामले में प्रदीप, उसके सगे भाई रामकृष्ण और दोस्त रोहित को गिरफ्तार किया है।
पुलिस के अनुसार, ईशू की हत्या सात अगस्त को की गई थी और आरोपियों ने शव को प्लास्टिक के बोरे में भरकर गोबर से भरे गड्ढे में छिपा दिया था। आरोपियों की निशानदेही पर शुक्रवार रात लहरतारा मार्ग स्थित खखड़िया पोखरी के पास रेलवे के पुराने क्वार्टर के नजदीक से शव बरामद किया गया।
पिटाई का बदला लेने के लिए रची साजिश
पुलिस जांच में सामने आया कि तीन अगस्त को शराब पीने के दौरान ईशू और प्रदीप के बीच विवाद हुआ था। आरोप है कि इस दौरान ईशू ने प्रदीप की पिटाई कर दी थी, जिसके बाद प्रदीप ने बदला लेने की योजना बनाई।
छह अगस्त की रात ईशू को बुलाया गया। अगले दिन उसे रेलवे के खंडहरनुमा क्वार्टर के पास ले जाकर शराब पिलाई गई। इसके बाद आरोपियों ने उसकी हत्या कर शव को ठिकाने लगा दिया।
अंतिम कॉल और CCTV फुटेज से खुला राज
ईशू के लापता होने के बाद परिजनों ने 17 अगस्त को सिगरा थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई थी। पुलिस ने जांच के दौरान ईशू के मोबाइल की कॉल डिटेल खंगाली, जिसमें उसकी आखिरी बातचीत दोस्त प्रदीप से हुई थी।
सर्विलांस और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर पुलिस ने प्रदीप से पूछताछ की। शुरुआत में उसने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन सख्ती से पूछताछ के बाद उसने हत्या की बात कबूल कर ली।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को किया गिरफ्तार
सिगरा पुलिस के मुताबिक, प्रदीप और रामकृष्ण सगे भाई हैं, जबकि रोहित उनका दोस्त है। पुलिस ने तीनों को गिरफ्तार कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।
घटना की जानकारी मिलने के बाद शिवपुरवा इलाके में तनाव को देखते हुए पुलिस बल तैनात किया गया। अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली।











