लखनऊ: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में पंचायत चुनावों की तारीखों और अधिसूचना को लेकर सस्पेंस लगातार गहराता जा रहा है। हाईकोर्ट के स्पष्ट आदेशों के बावजूद राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा साधी गई खामोशी से नाराज लोगों का गुस्सा आखिरकार सड़कों पर फूट पड़ा। बड़ी संख्या में जुटे आक्रोशित ग्रामीणों और समर्थकों ने राज्य निर्वाचन आयोग के दफ्तर के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और आयोग की कार्यप्रणाली के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

प्रदर्शनकारियों का साफ कहना है कि अदालत का रुख स्पष्ट होने के बावजूद निर्वाचन आयोग चुनाव की प्रक्रियाओं को आगे बढ़ाने में टालमटोल कर रहा है। आयोग के बाहर जारी इस हंगामे और लामबंदी के कारण मुख्य विधानसभा मार्ग पर आवाजाही पूरी तरह बाधित हो गई, जिससे सड़कों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और भीषण जाम की स्थिति पैदा हो गई। घंटों तक यातायात व्यवस्था चरमराई रही। पंचायत चुनाव में हो रही इस देरी ने ग्रामीण इलाकों के सियासी माहौल को पूरी तरह गरमा दिया है और अब हर किसी की निगाहें आयोग के अगले कदम पर टिकी हैं।

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