लखनऊ : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को लखनऊ में जापान और भारत के विद्यार्थियों के साथ आयोजित संवाद कार्यक्रम में छात्रों को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने भारत-जापान संबंधों, सांस्कृतिक आदान-प्रदान और युवाओं की भूमिका पर अपने विचार रखे।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि दोनों देशों के छात्र समूहों में एक समानता है कि वे अपने भविष्य की कहानी लिख रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम दोनों देशों के युवाओं को एक-दूसरे की संस्कृति, शिक्षा व्यवस्था और विचारधारा को समझने का अवसर देते हैं।
सीएम योगी ने कहा कि जापानी छात्रों के लिए भारत को समझने का यह एक बेहतर अवसर है। उन्हें भारत की विविधता में एकता, वसुधैव कुटुम्बकम की भावना और भारतीय जीवन दर्शन को करीब से जानने का मौका मिलेगा। साथ ही उत्तर प्रदेश की साझा विरासत और सांस्कृतिक परंपराओं को भी समझने का अवसर मिलेगा। मुख्यमंत्री ने कहा- भारत एक मार्केट नहीं, वर्क कल्चर और लाइफ फिलॉसफी समझने का मौका है
उन्होंने कहा कि भारत और जापान के बीच संबंध सिर्फ आर्थिक नहीं बल्कि सांस्कृतिक और मानवीय मूल्यों पर भी आधारित हैं। कार्यक्रम में दोनों देशों के छात्र-छात्राओं ने शिक्षा, संस्कृति और आपसी सहयोग से जुड़े विषयों पर अपने विचार साझा किए। मुख्यमंत्री ने युवाओं को दोनों देशों के बीच मजबूत संबंधों का माध्यम बताया।











