देश की आंतरिक सुरक्षा और खुफिया तंत्र से जुड़ी इस वक्त की सबसे बड़ी खबर देश की राजधानी नई दिल्ली से आ रही है। केंद्र सरकार ने वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी डॉ. महेश दीक्षित को देश की सबसे प्रतिष्ठित और अहम आंतरिक खुफिया एजेंसी ‘इंटेलिजेंस ब्यूरो’ का नया डायरेक्टर नियुक्त किया है। डॉ. महेश दीक्षित की गिनती देश के सबसे तेजतर्रार, अनुभवी और रणनीतिक सोच रखने वाले खुफिया अधिकारियों में की जाती है।
तपन कुमार डेका की लेंगे जगह, अब तक संभाल रहे थे स्पेशल डायरेक्टर का पद
डॉ. महेश दीक्षित 1993 बैच के वरिष्ठ आईपीएस अधिकारी हैं। इस सर्वोच्च पद पर नियुक्त होने से पहले वे इंटेलिजेंस ब्यूरो में ही स्पेशल डायरेक्टर के तौर पर अपनी महत्वपूर्ण सेवाएं दे रहे थे। वह वर्तमान आईबी चीफ तपन कुमार डेका का स्थान लेंगे, जो साल 2022 से लगातार इस बेहद संवेदनशील और शीर्ष पद पर रहकर देश के खुफिया तंत्र का नेतृत्व कर रहे थे।
जम्मू-कश्मीर में आतंकवाद के खिलाफ रहा है कड़ा रुख:
डॉ. महेश दीक्षित को देश की आंतरिक सुरक्षा और सीमाओं से जुड़े संवेदनशील मामलों का गहरा अनुभव है। उन्होंने अपने शानदार करियर का एक लंबा और अहम हिस्सा जम्मू-कश्मीर जैसे अत्यधिक संवेदनशील क्षेत्र में बिताया है।
श्रीनगर SIB के प्रमुख के रूप में निभाई है बड़ी भूमिका
महेश दीक्षित आईबी की सबसे महत्वपूर्ण विंग ‘सब्सिडियरी इंटेलिजेंस ब्यूरो’ श्रीनगर के प्रमुख रह चुके हैं। उनके कार्यकाल के दौरान जम्मू, कश्मीर घाटी और लेह-लद्दाख जैसे बेहद चुनौतीपूर्ण और भू-राजनीतिक रूप से संवेदनशील क्षेत्रों की खुफिया सुरक्षा जिम्मेदारी उनके ही कंधों पर थी। इस दौरान उन्होंने सीमा पार से होने वाली घुसपैठ, टेरर फंडिंग और स्थानीय खुफिया नेटवर्क को मजबूत करने में अभूतपूर्व भूमिका निभाई।
उनकी इस काबिलियत और जमीनी हकीकत की गहरी समझ को देखते हुए ही सरकार ने उन्हें यह सबसे बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है। बदलते वैश्विक परिदृश्य और आंतरिक सुरक्षा की नई चुनौतियों के बीच डॉ. महेश दीक्षित का आईबी चीफ बनना बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



