देशभर में मौसम एक बार फिर करवट लेता दिख रहा है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 1 मई को देश के कई हिस्सों में तेज आंधी, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि को लेकर चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग के अनुसार यूपी, बिहार, दिल्ली, उत्तराखंड, हरियाणा, पंजाब, जम्मू-कश्मीर, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, असम, नागालैंड और पश्चिम बंगाल सहित कुल 11 राज्यों में मौसम का असर देखने को मिलेगा। इन राज्यों में 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
राजधानी दिल्ली में भी मौसम विभाग ने भारी बारिश और ओले गिरने का अलर्ट जारी किया है। यहां हवा की गति 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है। मौसम के इस बदलाव से लोगों को गर्मी से राहत तो मिल सकती है, लेकिन साथ ही जनजीवन प्रभावित होने की भी आशंका है। दिल्ली में अधिकतम तापमान 36 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।
उत्तर प्रदेश में मौसम का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। कई जिलों में अचानक हुई बारिश और ओलावृष्टि ने गर्मी से राहत दी है, लेकिन किसानों और आम लोगों के लिए मुश्किलें भी खड़ी कर दी हैं। लखनऊ, नोएडा, गाजियाबाद समेत कई इलाकों में एक ही दिन में धूप, बादल, तेज हवाएं और बारिश का सिलसिला देखने को मिला। लखनऊ में तापमान में 7 डिग्री तक की गिरावट दर्ज की गई, जिससे मौसम सुहावना हो गया।
IMD ने यूपी के कई जिलों में ओले गिरने की संभावना जताई है, जिनमें बांदा, चित्रकूट, प्रयागराज, वाराणसी, मेरठ, मुजफ्फरनगर, गाजीपुर और बलिया प्रमुख हैं। इसके अलावा पूर्वांचल और पश्चिमी यूपी के अन्य क्षेत्रों में भी गरज-चमक के साथ बारिश होने की संभावना है।
बिहार में भी मौसम का असर काफी तेज रहने वाला है। गया, पटना, नालंदा, औरंगाबाद, रोहतास, सारण, भोजपुर, बक्सर, वैशाली, समस्तीपुर, दरभंगा, मधुबनी, सुपौल, सहरसा, पूर्णिया, भागलपुर, कटिहार, अररिया और किशनगंज सहित कई जिलों में भारी बारिश और तूफान का अलर्ट जारी किया गया है। पटना में तापमान 32 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है।
राजस्थान में भी मौसम ने करवट ली है। जोधपुर, अलवर, सीकर, चुरू, बीकानेर, बाड़मेर, करौली और हनुमानगढ़ में तेज आंधी और बारिश की चेतावनी दी गई है। यहां हवा की रफ्तार 50 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
मौसम विभाग ने लोगों को सतर्क रहने और खराब मौसम के दौरान सुरक्षित स्थानों पर रहने की सलाह दी है। विशेषकर किसानों को अपनी फसलों को लेकर सावधानी बरतने के निर्देश दिए गए हैं, क्योंकि ओलावृष्टि से फसलों को नुकसान पहुंच सकता है।














