कोटा : ग्रामीण इलाके में दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे पर मेहंदी माइनर के पास रविवार शाम करीब 7:30 बजे एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ। एक कार बेकाबू होकर एक्सप्रेसवे से नीचे गिर गई। हादसे में एक बच्चे और 70 साल के बुजुर्ग की मौत हो गई। कार में कुल 5 लोग सवार थे, जिनमें तीन पुरुष, एक महिला और एक बच्चा शामिल है।
एक्सीडेंट में सिर में गंभीर चोट लगने से बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, 70 साल के एक आदमी की हालत गंभीर हो गई, और बाद में उसकी भी मौत हो गई। एक महिला गंभीर रूप से घायल है। दो अन्य लोगों को मामूली चोटें आईं।
एम्बुलेंस और पुलिस टीम मौके पर पहुंची
सूचना मिलने पर दीगोद और सुल्तानपुर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके अलावा एक्सप्रेसवे की एम्बुलेंस और दीगोद एम्बुलेंस की टीम ने तुरंत राहत और बचाव का काम शुरू किया। घायलों को पहले कोटा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उन्हें कोटा के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
कार बूंदी जिले के इंदरगढ़ इलाके की बताई जा रही
जानकारी के अनुसार, एक्सीडेंटल कार बूंदी जिले के इंदरगढ़ इलाके की बताई जा रही है। कार सवारों की पहचान विजय शर्मा, कमलेश दधीचि, नदेश दधीचि और बांके बिहारी के रूप में हुई है। मृतक बच्चा भी उनके साथ सफर कर रहा था। घायलों को दूसरे हॉस्पिटल में रेफर किया गया । एक्सप्रेसवे एम्बुलेंस कंपाउंडर आलोक सुमन ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि हादसे में कई लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं, जिन्हें तुरंत मेडिकल सुविधा दी गई। दीगोद एम्बुलेंस पायलट जितेंद्र मीणा और EMT वीरेंद्र फुलवारिया ने बताया कि सभी घायलों को पहले कोटा मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, जहां से उन्हें एक प्राइवेट हॉस्पिटल में रेफर कर दिया गया।
जानें हादसे की पूरी वजह
हादसे के बाद अधिकार क्षेत्र को लेकर स्थिति साफ नहीं हो पाई। दीगोद और सुल्तानपुर दोनों थानों की पुलिस हादसे को अपने एरिया से बाहर बता रही है। हालांकि, हादसे की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंच गई थी, लेकिन देर रात तक किसी भी थाने की तरफ से कोई औपचारिक कार्रवाई नहीं की गई थी। मृतक बच्चे की मौत और गंभीर रूप से घायलों की स्थिति को देखते हुए अधिकार क्षेत्र साफ होने के बाद पुलिस आगे की कार्रवाई करेगी। हादसे की वजह से कुछ देर के लिए इलाके में अफरा-तफरी मच गई।













