मेरठ: उत्तर प्रदेश के मेरठ में हुई तुर्कमेनिस्तान की युवती ‘मोहब्बत’ की सनसनीखेज हत्या के मामले में एक बड़ा अपडेट सामने आया है। लंबे समय से चल रही पहचान की उलझन अब सुलझ गई है और DNA रिपोर्ट ने पुष्टि कर दी है कि मेरठ में मिली अधजली लाश मोहब्बत की ही थी। इस रिपोर्ट के आने के बाद अब मोहब्बत की राख (अस्थियां) उसके परिजनों को सौंपी जाएंगी, ताकि वह अपने अंतिम सफर में अपने वतन वापस लौट सके।
पहचान मिटाने की रची गई थी खौफनाक साजिश
मोहब्बत का शव 21 फरवरी को मेरठ में बरामद हुआ था। हत्यारों ने पहचान छिपाने की नीयत से उसके शव को बुरी तरह जला दिया था और उसके शरीर पर बने टैटू पर तेजाब डाल दिया था ताकि कोई उसे पहचान न सके। पुलिस ने जब शव बरामद किया, तो पहचान न होने के कारण उसे लावारिस मानकर अंतिम संस्कार कर दिया था। हालांकि, तुर्कमेनिस्तान से उसकी मां ने अपनी बेटी की तलाश में इंसाफ की गुहार लगाई थी, जिसके बाद मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस ने जांच शुरू की।
पैसे के विवाद में हुई थी हत्या
जांच में खुलासा हुआ कि मोहब्बत दिल्ली से एक “बुकिंग” के सिलसिले में मेरठ आई थी। यहाँ एक होटल में पैसों के विवाद के बाद उसकी हत्या कर दी गई और शव को हाईवे किनारे फेंक दिया गया था। DNA रिपोर्ट के जरिए मां के साथ मिलान होने से उसकी पहचान की पुष्टि हो गई है। पुलिस इस मामले में होटल मालिक समेत कुल 4 आरोपियों को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। अपनी बेटी की मौत की खबर और DNA पुष्टि के बाद मोहब्बत के परिवार में शोक की लहर है।














