लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को लखनऊ नगर निगम के एक कार्यक्रम में गमला चोरी का ऐसा किस्सा सुनाया कि वहां मौजूद हर शख्स की हंसी छूट गई। खुद सीएम भी यह वाकया सुनाते हुए मुस्कुरा रहे थे। उन्होंने बताया कि कैसे लोग ढाई करोड़ रुपये की महंगी कार से आते हैं और 45 रुपये के गमले चुराकर ले जाते हैं।
सीसीटीवी में कैद हुई चोरी, सीएम बोले- ये नया मॉडल है
सीएम योगी ने पूरे घटनाक्रम का ब्योरा देते हुए कहा, “हम गमला लगाते हैं और कोई कार से आता है, गमला उठाकर चला जाता है। अरे, जितना कार का तेल लग रहा है, उतने में तो नया गमला आ जाता है।” उन्होंने आगे कहा, “ये चोरी का एक नया मॉडल हो गया है। अब हर जगह सीसीटीवी लगे हैं तो हम देखते रहते हैं। पता लगा कि ढाई करोड़ की कीमत वाली गाड़ी से लोग 45 रुपये के गमले चुराकर ले जा रहे हैं।”
‘चौराहे पर फोटो लगाने का मन कर गया था’
चोरी की इस अजीबोगरीब मानसिकता पर चुटकी लेते हुए सीएम ने कहा कि अगर इतनी मेहनत की ही तो 45 रुपये का एक नया गमला खरीदकर अपने घर में लगा लेते, सम्मान भी रहता और शहर भी खूबसूरत लगता। इसके बाद उन्होंने अपनी मंशा जाहिर करते हुए कहा, “एक बार तो मेरे मन में आया था कि उसकी फोटो चौराहे पर लगा दूं।” इस पर पूरा सभागार ठहाकों से गूंज उठा।
जनता के पैसे की चिंता
सीएम ने इस हल्के-फुल्के अंदाज में एक गंभीर संदेश भी दे दिया। उन्होंने कहा कि शहर की सुंदरता पर खर्च होने वाला यह पैसा न उनका निजी है, न वित्त मंत्री का और न ही किसी अफसर का। यह पैसा जनता का है और जनता की बेहतरी के लिए ही खर्च किया जाता है।
विकास कार्यों की सौगात और सपा पर वार
इस कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने 413 करोड़ रुपये की विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। अपने संबोधन में उन्होंने समाजवादी पार्टी पर भी निशाना साधा। उन्होंने कहा, “हम मानते हैं कि जितना विकास होना चाहिए था, उतना अभी नहीं हो पाया है। लेकिन पिछली सरकारों के पापों के गड्ढों को भरने और उनके भ्रष्टाचार के कूड़ादान को साफ करने में हमें समय लग गया।” उन्होंने कहा कि यह जनता के आशीर्वाद का ही नतीजा है कि प्रदेश के 17 नगर निगमों में भाजपा की सरकार है और लखनऊ ने स्वच्छता रैंकिंग में देश में तीसरा स्थान हासिल किया है। हालांकि, उन्होंने लखनऊ को नंबर एक पर लाने का अगला लक्ष्य भी तय कर दिया।












