मथुरा, सुरीर थाना क्षेत्र के टैंटीगांव में 23 अप्रैल को हुई बड़ी डकैती के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली। बृहस्पतिवार की सुबह हुई मुठभेड़ में दो शातिर बदमाश गोली लगने से घायल हुए, जिन्हें जिला अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
मारे गए बदमाशों की पहचान राजस्थान के भरतपुर निवासी धर्मवीर उर्फ लंबू और अलवर निवासी राजेंद्र उर्फ पप्पू के रूप में हुई है। दोनों ही बावरिया गिरोह के सक्रिय सदस्य और कुख्यात अपराधी थे।
पुलिस के अनुसार, 23 अप्रैल की रात ये नकाबपोश बदमाश व्यवसायी अजय अग्रवाल के घर में घुस गए थे। उन्होंने घर में मौजूद लोगों को धमकाकर करीब 30 लाख रुपये नकद और कीमती जेवरात लूट लिए थे। इसके बाद से पुलिस दोनों अपराधियों की तलाश में जुटी हुई थी।
मुखबिर की सूचना के आधार पर पुलिस ने बदमाशों को घेर लिया। मुठभेड़ के दौरान दोनों बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग की, जिसका पुलिस ने जवाबी कार्रवाई में मुकाबला किया। इस मुठभेड़ में दो सिपाही भी घायल हुए हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
एसएसपी ने बताया कि धर्मवीर और राजेंद्र का आपराधिक रिकॉर्ड काफी लंबा और गंभीर था। धर्मवीर उर्फ लंबू पर राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में 16 से अधिक मामले दर्ज थे, जिनमें डकैती, लूट, आर्म्स एक्ट और हत्या के प्रयास जैसे संगीन अपराध शामिल थे। वहीं, राजेंद्र उर्फ पप्पू पर राजस्थान और उत्तर प्रदेश के थानों में 11 से अधिक मामले दर्ज थे।
पुलिस ने बताया कि दोनों ही बदमाश बावरिया गिरोह के कुख्यात सदस्य थे और उनकी गिरफ्तारी से क्षेत्र में अपराध पर बड़ी चोट लगी है।












