विश्वकर्मा जयंती के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ स्थित इंदिरा गांधी प्रतिष्ठान (IGP) के जुपिटर हॉल में 17 से 19 सितंबर तक तीन दिवसीय ‘विश्वकर्मा स्वरोजगार एवं स्वदेशी मेले’ का भव्य आयोजन किया जा रहा है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मेले का विधिवत उद्घाटन किया। इस दौरान सीएम योगी ने कारीगरों और कामगारों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए ‘मार्जिन मनी ऋण पोर्टल’ का शुभारंभ किया और राज्य भर से आए कामगारों को टूल किट वितरित कीं।
बता दें, कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पूर्ववर्ती सरकारों पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि वर्ष 2017 से पहले उत्तर प्रदेश को सर्वाधिक संसाधन होने के बावजूद ‘बीमारू राज्य’ बना दिया गया था, क्योंकि तब राज्य चलाने वाले नेताओं की मानसिकता ही बीमारू थी। सीएम ने कहा कि “पहले के शासकों को सैफई महोत्सव कराने और मुंबई से कलाकारों को बुलाने से फुर्सत नहीं थी, जबकि हमारे पारंपरिक कारीगरों को कोई पूछने वाला नहीं था।”
सीएम योगी ने जोर देकर कहा कि 2017 के बाद उत्तर प्रदेश ने विकास की नई गाथा लिखी है और आज प्रदेश भारत की अर्थव्यवस्था का प्रमुख ‘ग्रोथ इंजन’ बन चुका है। सरकार की योजनाओं के माध्यम से आज प्रदेश के हस्तशिल्पी, कुम्हार और कारीगर आत्मनिर्भर हो रहे हैं और उन्हें अपने ही राज्य में रोजगार और सम्मान दोनों मिल रहा है।













