डेस्क : अयोध्या में बन रहे भव्य राम मंदिर को लेकर श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के CEO पद के चयन पर पूर्व IPS अधिकारी राजेश पांडे ने बड़ा दावा किया है। भारत समाचार के पॉडकास्ट में ब्रजेश मिश्रा से बातचीत के दौरान राजेश पांडे ने CEO चयन प्रक्रिया को लेकर कई सवाल उठाए।
बता दे कि पूर्व IPS राजेश पांडे ने दावा किया कि राम मंदिर ट्रस्ट के CEO बनाए गए पूर्व एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा इंटरव्यू प्रक्रिया में शामिल ही नहीं हुए थे। उन्होंने कहा कि जिस दिन इंटरव्यू आयोजित किया गया था, उस दिन सभी 16 आवेदकों को अयोध्या बुलाया गया था और पैनल के सामने सभी का इंटरव्यू हुआ था, लेकिन जितेंद्र मिश्रा उसमें मौजूद नहीं थे।
“जितेंद्र मिश्रा CEO कैसे बन गए, इसकी जानकारी ट्रस्ट ही दे सकता है”
वही राजेश पांडे ने कहा कि जितेंद्र मिश्रा का चयन किस प्रक्रिया के तहत हुआ, इसकी जानकारी राम मंदिर ट्रस्ट के पदाधिकारी ही दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि CEO पद के लिए जो योग्यताएं तय की गई थीं, वह उन सभी मानकों पर खरे उतरते थे। उन्होंने दावा किया कि उनका चयन लगभग तय माना जा रहा था, लेकिन बाद में क्या बदलाव हुआ, इसकी जानकारी उन्हें नहीं है।
“मुझे कोई कम्युनिकेशन भी नहीं आया”
पूर्व IPS अधिकारी ने कहा कि चयन प्रक्रिया के बाद उन्हें किसी तरह की आधिकारिक सूचना या कम्युनिकेशन नहीं मिला। उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता कि आखिर ऐसा क्या हुआ, जिसके बाद फैसला बदल गया। राजेश पांडे ने कहा कि CEO पद के लिए वह निर्धारित सभी योग्यताओं को पूरा करते थे और इंटरव्यू प्रक्रिया में भी शामिल हुए थे।
राम मंदिर ट्रस्ट CEO चयन को लेकर उठे सवाल
राजेश पांडे के इन दावों के बाद राम मंदिर ट्रस्ट के CEO चयन की प्रक्रिया को लेकर चर्चा तेज हो गई है। हालांकि, इस मामले में ट्रस्ट की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।











