अलीगढ़: करणी सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष सूरज पाल अम्मू ने अलीगढ़ प्रवास के दौरान जिले की बदहाल स्वास्थ्य और सड़क व्यवस्था को लेकर उत्तर प्रदेश सरकार और स्थानीय जनप्रतिनिधियों पर बेहद तीखा और विवादित तंज कसा है। अलीगढ़ की उखड़ी हुई सड़कों की तुलना सूबे के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य से करते हुए सूरज पाल ने कहा, “दावा किया गया था कि यहां की सड़कें किसी अभिनेत्री के गालों की तरह चिकनी होंगी, लेकिन ये तो केशव प्रसाद मौर्य के गालों की तरह खुरदरी हो चुकी हैं।” उनके इस विवादित बयान के बाद यूपी की राजनीति में एक नया विवाद खड़ा होना तय माना जा रहा है।
सूरज पाल अम्मू ने विकास कार्यों की पोल खोलते हुए अपने सफर का अनुभव साझा किया। उन्होंने कहा कि पहले वे हरियाणा के सोहना से महज 2 घंटे में अलीगढ़ पहुंच जाते थे, लेकिन आज उसी दूरी को तय करने में 4 घंटे से अधिक का समय लग रहा है। उन्होंने प्रशासनिक अमले को घेरते हुए सवाल किया कि आखिर जनता के समय और पैसे की इस बर्बादी का जवाब कौन देगा? उन्होंने साफ तौर पर आरोप लगाया कि अलीगढ़ में जमीनी स्तर पर कोई विकास नहीं हुआ है और इसके लिए यहां के स्थानीय जनप्रतिनिधि पूरी तरह जिम्मेदार हैं।
पूर्व मुख्यमंत्री का जिक्र करते हुए करणी सेना प्रमुख ने कहा कि स्वर्गीय कल्याण सिंह के समय में जो सड़कें बनाई गई थीं, वे आज भी सही सलामत हैं, जबकि वर्तमान की नई सड़कें बनते ही उखड़ रही हैं। इसके साथ ही उन्होंने आगामी राजनीतिक जमीन तैयार करने की घोषणा करते हुए एलान किया कि करणी सेना उत्तर प्रदेश में आने वाले विधानसभा चुनावों में 50 सीटों पर मजबूती से चुनाव लड़ेगी। अयोध्या मामले पर बोलते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि राम मंदिर में हुए जमीन और चंदे की चोरी के बड़े प्रकरण को सत्ता के रसूख से दबाने का पुरजोर प्रयास किया जा रहा है।



