बदायूं में HPCL के दो अफसरों की निर्मम हत्या के मामले में पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। मूसाझाग थाने के SHO अजय कुमार और चौकी इंचार्ज धर्मेंद्र कुमार को सस्पेंड कर दिया गया है। मामले में आरोपी पूर्व ऑपरेटर अजय सिंह ने HPCL यूनिट के DGM सुधीर गुप्ता और मैनेजर हर्षित मिश्रा की हत्या की। आरोप है कि पुलिस ने पहले आरोपी को थाने में बैठाकर चाय पिलाई और हत्या की धमकी मिलने के बावजूद न तो अफसरों को सुरक्षा मुहैया कराई, न ही आरोपी को जेल भेजा।
बदायूं
➡HPCL के 2 अफसरों की हत्या मामला
➡SHO और चौकी इंचार्ज सस्पेंड किए गए
➡अजय कुमार और धर्मेंद्र कुमार सस्पेंड
➡मूसाझाग थाने की पुलिस की लापरवाही
➡HPCL यूनिट के DGM, मैनेजर की हत्या
➡निर्मम हत्या मामले में पुलिस की लापरवाही
➡दोनों अफसरों को हत्या की धमकी मिली थी
➡न… pic.twitter.com/JbpSlF0K06— भारत समाचार | Bharat Samachar (@bstvlive) March 13, 2026
सुधीर गुप्ता और हर्षित मिश्रा ने हत्या की धमकी मिलने के बाद पुलिस से सुरक्षा की मांग की थी। सुधीर गुप्ता ने दबाव के कारण VRS (Voluntary Retirement Scheme) का आवेदन दिया था, जबकि हर्षित मिश्रा ने ट्रांसफर का आवेदन किया था। पुलिस ने दोनों अफसरों की शिकायतों को नजरअंदाज किया और काफी समय बाद एफआईआर दर्ज की गई। यदि समय रहते पुलिस कार्रवाई करती तो यह दर्दनाक घटना टल सकती थी।














