आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) और भारत के चुनाव आयोग (EC) पर तीखा हमला किया है। केजरीवाल ने आरोप लगाया कि बीजेपी ने चुनावों में धांधली करने के लिए चुनाव आयोग का इस्तेमाल किया और इसे अपना “हथियार” बना लिया है।
केजरीवाल ने X पर एक पोस्ट में लिखा, “बीजेपी ने धोखे से चुनाव जीतने के लिए चुनाव आयोग को अपना हथियार बना लिया है। यह वही स्थिति है जो दिल्ली चुनावों में हुई थी। वोटर लिस्ट से नाम काटे गए, पुलिस प्रशासन ने बीजेपी की गुंडागर्दी को खुली छूट दी और पूरा प्रशासन बीजेपी की जीत सुनिश्चित करने में लगा हुआ था। लोकतंत्र का ताना-बाना ही तार-तार हो गया।”
इसके साथ ही, केजरीवाल ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का समर्थन करते हुए कहा कि वह भी लोकतंत्र को बचाने के लिए लड़ाई लड़ रही हैं और इस संघर्ष में वह उनके साथ खड़े हैं।
बता दें, ममता बनर्जी ने आरोप लगाया था कि चुनाव आयोग और बीजेपी ने पश्चिम बंगाल के विधानसभा चुनावों से पहले राज्य के 50 से ज्यादा सीनियर अधिकारियों का ट्रांसफर किया, जिसे उन्होंने “अघोषित इमरजेंसी” करार दिया। बनर्जी ने कहा कि यह पूरी तरह से राजनीतिक दखल है और इससे संवैधानिक सिद्धांतों को कमजोर किया जा रहा है।
उन्होंने कहा, “यह एडमिनिस्ट्रेटिव कार्रवाई नहीं है, बल्कि यह सबसे ऊंचे लेवल का पॉलिटिकल दखल है। निष्पक्ष रहने के लिए बनी संस्थाओं का सिस्टमैटिक पॉलिटिकलाइज़ेशन संविधान पर सीधा हमला है।”
बनर्जी ने चुनाव आयोग द्वारा किए गए कामों के विरोधाभासों की ओर भी इशारा किया और कहा कि चुनावी अधिकारियों को ड्यूटी से हटा कर चुनाव ऑब्ज़र्वर बना दिया गया।
इस मामले में भाजपा द्वारा की जा रही कार्यवाहियों पर गहरी चिंता जताते हुए केजरीवाल और ममता ने लोकतंत्र और निष्पक्ष चुनावों की रक्षा की आवश्यकता पर जोर दिया।














