उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर जिले में मशहूर अवधी गायक संजय यदुवंशी के घर पर सोमवार देर रात हुई पुलिस छापेमारी का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। पुलिस की इस कार्रवाई और परिजनों के साथ हुई नोकझोंक के बाद संजय यदुवंशी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपनी बात रखते हुए अपना पक्ष साफ किया है।
संजय यदुवंशी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कहा है कि उन पर धारा 307 (हत्या के प्रयास) का कोई मुकदमा दर्ज नहीं है। उन्होंने सवाल उठाते हुए लिखा कि वह कोई अपराधी नहीं हैं, लेकिन उन्हें जबरन अपराधी बनाने की कोशिश की जा रही है। अपनी बेगुनाही का दावा करते हुए और पुलिस की कार्रवाई के विरोध में उन्होंने 9 अक्टूबर को धरने पर बैठने की बात कही है।
पूरा मामला तब सामने आया जब पुलिस टीम नगर कोतवाली, बंधुआ कला और धम्मौर थाने में दर्ज मारपीट आदि के मुकदमों के सिलसिले में संजय के घर दबिश देने पहुंची थी। हालांकि दबिश के दौरान संजय घर पर मौजूद नहीं मिले। इस बीच पुलिसकर्मियों और संजय के माता-पिता व भाई के बीच तीखी बहस हो गई, जिसका वीडियो इंटरनेट पर तेजी से वायरल हो रहा है।
मामले के तूल पकड़ने और समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव द्वारा वीडियो शेयर कर सरकार व पुलिस को घेरने के बाद, सुल्तानपुर पुलिस ने अपनी तरफ से सफाई भी पेश की है। फिलहाल इस पूरी घटना ने इलाके में सियासी और सामाजिक गर्माहट बढ़ा दी है।











