जालौन : उरई के एक गांव के तालाब से तीन मगरमच्छ निकलकर अचानक रिहायशी इलाके में घुस गए। तीन मगरमच्छों को देखकर गांव वाले हैरान रह गए। दहशत के बीच गांव वालों ने अपनी जान जोखिम में डालकर घेराबंदी करते हुए एक मगरमच्छ को पकड़ लिया।
थाना इलाके के पिरौना में शुक्रवार रात तीन मगरमच्छ एक घर में घुसने लगे। इसी बीच गांव वालों ने उन्हें देखा तो शोर मचा दिया। मगरमच्छ के आने की खबर से पूरे गांव में दहशत फैल गई। भीड़ जमा हो गई। सूचना पर पुलिस और वन विभाग की टीम पहुंची और गांव वालों की मदद से एक मगरमच्छ को पकड़ लिया जबकि दो मगरमच्छ तालाब में भाग गए।
पिरौना गांव में हमीरपुर ब्रांच नहर के किनारे एक बड़ा तालाब है जिसमें बहुत सारे मगरमच्छ रहते हैं। कई बार नहर से मगरमच्छ आकर तालाब में चले जाते हैं।
तीनों चबूतरे पर बैठे थे
शुक्रवार रात करीब 9 बजे एक गली में चबूतरे पर तीन मगरमच्छ बैठे थे। वह एक घर में घुसने की कोशिश कर रहे थे। एक गांव वाला गली से निकला और टॉर्च जलाई। उसने मगरमच्छ को जमीन पर देखा तो डर गया और शोर मचाने लगा।
शोर मचाते हुए वे दीवार पर चढ़ने लगे।
शोर मचाने पर मगरमच्छ एक दीवार पर चढ़ गया और तुरंत लोगों ने टॉर्च जलाकर रस्सी के सहारे एक मगरमच्छ को पकड़ लिया। वे दो तालाबों में भाग गए। सूचना के बाद पुलिस और वन विभाग की टीम पहुंची और जांच की। लोगों ने मगरमच्छ को वन विभाग की टीम को सौंप दिया जिसके बाद उसे घाट पर ले जाकर छोड़ दिया गया।
कभी-कभी नुकसान भी हो सकता
गांव के राकेश और अजय ने कहा कि अगर गांव में तालाब की सफाई हो जाए तो उसमें कई मगरमच्छ मिल जाएंगे। लेकिन ऐसा नहीं होता है । इसी वजह से मगरमच्छ गांव में आता है। इससे कभी-कभी नुकसान भी हो सकता है। डीएफओ प्रदीप कुमार ने बताया कि मगरमच्छ पकड़े जाने की सूचना मिली थी जिसे नदी में छोड़ दिया गया है।












