ग्रामीण क्षेत्रों को ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया गया है। नवीन और नवीकरणीय ऊर्जा विकास अभिकरण की ओर से एलिया ब्लॉक के हेमपुर गांव का चयन ‘मॉडल सोलर विलेज’ योजना के लिए किया गया है। इस महत्वाकांक्षी योजना के अंतर्गत गांव को पूरी तरह से सौर ऊर्जा से संतृप्त करने के लिए सरकार की तरफ से एक करोड़ रुपये का भारी-भरकम अनुदान दिया जाएगा। इस पहल से ग्रामीण अब भारी-भरकम बिजली बिलों के बोझ से मुक्त होकर अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए पूरी तरह आत्मनिर्भर बन सकेंगे।
नेडा ने इस योजना के तहत सभी 19 ब्लॉकों से एक-एक गांव का प्रस्ताव मंगवाया था। योजना में शामिल होने के लिए गांव की आबादी 5,000 से अधिक होना अनिवार्य शर्त थी। सभी प्रस्तावों की बारीकी से जांच और परीक्षण करने के बाद एलिया के हेमपुर गांव का चयन कर अंतिम प्रस्ताव शासन को भेज दिया गया है। गौरतलब है कि इस योजना के तहत प्रत्येक जिले से केवल एक ही गांव का चयन किया जाना है।
ऑन-ग्रिड सिस्टम से बिजली बिल होगा शून्य
इस योजना का मुख्य उद्देश्य ‘पीएम सूर्य घर योजना’ को जमीनी स्तर पर बढ़ावा देना है। गांव को मिलने वाले 1 करोड़ रुपये के अनुदान से हेमपुर के सभी घरों की छतों पर रूफ-टॉप सोलर पैनल लगाए जाएंगे। इसके अलावा गांव की गलियों में सोलर स्ट्रीट लाइटें लगाई जाएंगी और स्कूल, पंचायत भवन व स्वास्थ्य उपकेंद्र जैसे सभी सरकारी भवनों को सौर ऊर्जा ग्रिड से लैस किया जाएगा।
इस योजना के तहत घरों की छतों पर सोलर पैनल लगाने के लिए सरकार भारी सब्सिडी दे रही है, जिससे एक उपभोक्ता प्रति महीने 300 यूनिट तक मुफ्त बिजली का लाभ उठा सकता है। योजना का लाभ लेने के लिए उपभोक्ताओं के पास पहले से वैध बिजली कनेक्शन होना अनिवार्य है। सोलर पैनल से बनने वाली अतिरिक्त बिजली ‘ऑन-ग्रिड’ सिस्टम के माध्यम से सीधे सरकार (बिजली ग्रिड) को ट्रांसफर हो जाएगी, जिससे उपभोक्ताओं का मासिक बिजली बिल पूरी तरह शून्य हो जाएगा।














