मिडिल ईस्ट में जारी संकट के बीच, सोमवार को 45,000 मीट्रिक टन LPG लेकर ‘शिवालिक’ नामक टैंकर भारत की ओर बढ़ रहा है। यह टैंकर आज शाम गुजरात के मुंद्रा पोर्ट पहुंचा। ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’ दोनों जहाज 92,700 टन LPG लेकर भारतीय तट की ओर बढ़े थे।
बता दें, केंद्र सरकार के अनुसार, होर्मुज स्ट्रेट पर भारतीय झंडे वाले 24 जहाजों में से दो जहाजों, ‘शिवालिक’ और ‘नंदा देवी’, को ईरान ने गुजरने की अनुमति दे दी थी। 14 मार्च को दोनों जहाज LPG लेकर फारस की खाड़ी से रवाना हो गए थे।
वहीं, शिपिंग मंत्रालय के राजेश सिन्हा ने जानकारी दी कि ‘शिवालिक’ होर्मुज स्ट्रेट को पार कर भारत आ गया हैं। वे आश्वस्त हैं कि मुंद्रा पोर्ट पर डॉक्यूमेंटेशन और अन्य सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं ताकि जहाज से माल उतारने में कोई देरी न हो।
‘शिवालिक’ के साथ ‘नंदा देवी’ भी लगभग 40-45,000 मीट्रिक टन LPG लेकर आ रहा है। यह जहाज मंगलवार शाम तक गुजरात के कांडला पोर्ट तक पहुंचने की उम्मीद है।
ईरान पर हुए हमले के बाद से होर्मुज स्ट्रेट बंद हो गया था, जिससे भारत के कच्चे तेल और गैस की आपूर्ति पर असर पड़ा था। भारत की LPG जरूरत का 60% हिस्सा खाड़ी देशों से आता है, और होर्मुज स्ट्रेट बंद होने के बाद गैस की आपूर्ति में दिक्कतें आ रही थीं।
अब, भारत के दो जहाजों को सुरक्षित रास्ता मिलना बड़ी कूटनीतिक जीत मानी जा रही है। इन जहाजों में लदा LPG भारत के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि शिपिंग से जुड़ी समस्याओं की वजह से LPG सप्लाई पर असर पड़ा था।
हालांकि, होर्मुज स्ट्रेट पर अब भी भारत के 22 जहाज फंसे हुए हैं, जिनमें 611 भारतीय नाविक सवार हैं। इनमें से छह जहाज LPG, एक LNG, और चार कच्चे तेल के टैंकर हैं। बाकी जहाजों में केमिकल, कंटेनर और बल्क कैरियर शामिल हैं।














