महाराष्ट्र के मशहूर पिंपरी-चिंचवड़ इलाके के जाने-माने कंस्ट्रक्शन व्यवसायी विशाल अग्रवाल के बेटे केतन अग्रवाल की लोहागढ़ किले में हुई मौत के मामले में एक ऐसा खौफनाक और परेशान करने वाला मोड़ आया है, जिसने पुलिस और दोनों परिवारों को हिलाकर रख दिया है। शुरुआत में जिसे महज पैर फिसलने से हुआ हादसा माना जा रहा था, वह दरअसल एक सोची-समझी और बर्बर हत्या निकली। लोनावला पुलिस की गहन जांच में यह बात सामने आई है कि केतन की मंगेतर सिया गोयल ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर केतन को 100 फीट गहरी घाटी में धकेल दिया था, जिससे मौके पर ही उसकी मौत हो गई। पुलिस ने दोनों मुख्य आरोपियों को हिरासत में ले लिया है।
जन्मदिन मनाने गया था लोहागढ़ किला, मंगेतर ने ही बुना मौत का जाल
पुलिस के अनुसार, यह वारदात गुरुवार, 18 जून को हुई। केतन अग्रवाल अपनी मंगेतर सिया गोयल का जन्मदिन मनाने के लिए लोहागढ़ ट्रेकिंग पर गए थे। शुरुआत में सिया ने पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की और बयान दिया कि तस्वीरें लेते समय केतन का पैर अचानक फिसल गया और वह खाई में गिर गए। करीब तीन घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बचाव दल ने शव को बाहर निकाला था। लेकिन जब लोनावला पुलिस ने तकनीकी जांच शुरू की, तो मोबाइल डेटा, कॉल रिकॉर्ड और मौके पर मौजूद कुछ चश्मदीदों के बयानों में भारी विसंगतियां मिलीं। कड़ाई से पूछताछ करने पर पूरी साजिश का पर्दाफाश हो गया।
17 करोड़ की शाही शादी और मंगेतर की बेरुखी
केतन और सिया की शादी इसी साल नवंबर में राजस्थान के उदयपुर में होने वाली थी। इस हाई-प्रोफाइल शादी के लिए परिवारों ने जयपुर में 17 करोड़ रुपये में एक महल बुक किया था और मेहमानों के लिए दो प्राइवेट प्लेन का इंतजाम भी किया जा चुका था। लेकिन अंदरूनी हकीकत यह थी कि सिया यह शादी नहीं करना चाहती थी। केतन से हमेशा के लिए छुटकारा पाने के लिए उसने अपने प्रेमी और कुछ अन्य दोस्तों की मदद ली। जन्मदिन के बहाने वह केतन को लोहागढ़ के सुनसान पॉइंट पर ले गई और मौका पाकर प्रेमी के साथ मिलकर उसे गहरी घाटी में धकेल दिया। पुलिस अब इस बात का पता लगा रही है कि इस जघन्य अपराध में क्या कुछ और लोग भी शामिल थे।













