प्रतापगढ़ के नगर कोतवाली क्षेत्र में एक हृदयविदारक घटना सामने आई है, जहां सई नदी में नहाने गए तीन किशोर पानी के तेज बहाव में डूब गए। मृतकों में दो सगे भाई और उनका एक फुफेरा भाई शामिल है। यह हादसा तब हुआ जब अचलपुर निवासी रामजी सोनी के दो बेटे, 15 वर्षीय अनुराग सोनी और 13 वर्षीय कृष्णा सोनी, अपनी स्कूटी से घर से दुकान के लिए निकले थे। रास्ते में उन्हें अपना फुफेरा भाई 16 वर्षीय अमित सोनी मिल गया। तीनों ने अपना इरादा बदल लिया और खीरीबीर पुल के पास सई नदी में नहाने चले गए।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, बारिश के कारण नदी में पानी का बहाव काफी तेज था। पहले अमित पानी में उतरा, लेकिन डूबता देख उसे बचाने के लिए दोनों भाई भी नदी में कूद गए। देखते ही देखते तीनों गहरे पानी की चपेट में आकर लापता हो गए। स्थानीय लोगों द्वारा पुलिस को सूचना देने के बाद हड़कंप मच गया। सदर कोतवाल सुभाष यादव, सीओ सिटी आशुतोष मिश्र और दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। गोताखोरों की मदद से घंटों चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद अमित सोनी का शव बरामद कर लिया गया।
अंधेरा होने के कारण एसडीआरएफ की टीम को रेस्क्यू रोकना पड़ा और अब सुबह फिर से तलाश शुरू होगी। घटना स्थल पर मौजूद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। विशेषकर मां को संभालना मुश्किल हो रहा है, जिन्हें परिवार के लोग पुल से दूर रख रहे हैं। घटनास्थल पर पुलिस के दर्जनों जवान और दमकल कर्मी जान जोखिम में डालकर तलाशी अभियान में जुटे रहे। सदर विधायक राजेंद्र कुमार मौर्य ने भी मौके पर पहुंचकर पीड़ित परिवार को हर संभव मदद का भरोसा दिया है।
इस हादसे ने पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ा दी है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि आखिर इतनी सतर्कता के बावजूद बच्चों ने पानी के तेज बहाव वाली नदी में उतरने का जोखिम क्यों लिया। जींस और शर्ट पहने हुए ही पानी में उतरना भी एक बड़ा सवाल बन गया है। फिलहाल, पूरे प्रतापगढ़ में यह घटना चर्चा और गम का विषय बनी हुई है, और सभी की निगाहें सुबह होने वाले रेस्क्यू ऑपरेशन पर टिकी हैं ताकि बाकी दो किशोरों को सुरक्षित या उनका शव बरामद किया जा सके।














