Share market : गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार में शानदार तेजी देखने को मिली। ग्लोबल मार्केट में कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट से निवेशकों का भरोसा बढ़ा। इसका असर घरेलू बाजार पर भी देखने को मिला और सेंसेक्स-निफ्टी दोनों हरे निशान में कारोबार किया। मारुति, महिंद्रा एंड महिंद्रा और इंडिगो के शेयरों में मजबूत खरीदारी से बाजार को मजबूती मिली।
सेंसेक्स 366 पॉइंट्स ऊपर, निफ्टी 24,100 पर
BSE सेंसेक्स 366.50 पॉइंट्स या 0.48% बढ़कर 77,357.72 पर बंद हुआ। वहीं, NSE निफ्टी 105.85 पॉइंट्स या 0.44% उछलकर 24,127.50 पर ट्रेड कर रहा था। मार्केट का ओवरऑल मूड पूरी तरह से पॉजिटिव रहा, जहां लगभग 1,566 स्टॉक्स में बढ़त दर्ज की गई, जबकि 615 स्टॉक्स में गिरावट आई और 160 स्टॉक्स में कोई बदलाव नहीं हुआ।
सेंसेक्स के हीटमैप पर नज़र डालने से साफ़ है कि मार्केट में तेज़ी है। एविएशन और ऑटो स्टॉक्स में भी आज सबसे ज़्यादा ज़बरदस्त खरीदारी देखने को मिल रही है। एविएशन फ्यूल की कीमतों में कमी की उम्मीद में इंडिगो के शेयर 2.78% बढ़कर ₹5348.05 पर टॉप गेनर बन गए। वहीं, महिंद्रा एंड महिंद्रा और मारुति सुजुकी के शेयरों में क्रमशः 2.66% और 2.40% की बढ़त देखी गई। इसके अलावा, अल्ट्राटेक सीमेंट (+1.42%), बजाज फाइनेंस (+1.30%) और स्टेट बैंक ऑफ़ इंडिया (+1.22%) के शेयरों ने भी सेंसेक्स की इस तेज़ी को पूरा सपोर्ट दिया।
कुछ चुनिंदा स्टॉक्स में प्रॉफ़िट रिकवरी देखी जा रही
चौतरफा तेज़ी के इस माहौल में भी कुछ चुनिंदा स्टॉक्स में प्रॉफ़िट रिकवरी देखी जा रही है। सेंसेक्स हीटमैप के मुताबिक, पावरग्रिड 0.93% और टाइटन 0.69% के नुकसान के साथ बड़े लूज़र रहे। इसके साथ ही इंफोसिस (-0.63%), भारत इलेक्ट्रॉनिक्स (-0.53%), और एशियन पेंट्स (-0.45%) के शेयरों पर भी दबाव देखा जा रहा है।
कच्चे तेल की कीमतों में बड़ी गिरावट
वही कच्चे तेल की कीमतें ईरान विवाद से पहले के लेवल पर लौट आई हैं, जिससे भारतीय बाजार को बड़ा बूस्ट मिला है। गुरुवार सुबह ब्रेंट क्रूड की कीमत $73.74 प्रति बैरल पर पहुंच गई, जो 4.33% की गिरावट दिखाती है। इस बीच, यूएस वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड 44 सेंट या 0.63% की गिरावट के साथ $69.90 प्रति बैरल पर ट्रेड कर रहा था। सिर्फ ब्रेंट और WTI ही नहीं, बल्कि एशिया में दूसरे रीजनल क्रूड ऑयल बेंचमार्क में भी कमजोरी देखी गई। तेल की कीमतों में यह गिरावट इस बात का संकेत है कि बाजार अब मिडिल ईस्ट में तनाव कम होने की उम्मीद पर ट्रेड कर रहा है।















