रायबरेली। जिले के मिल एरिया थाना क्षेत्र में रायबरेली-सुल्तानपुर हाईवे के किनारे सरकारी जमीन पर लोहे की गुमटी बनाकर अपना जीवन-यापन कर रहे 12 दुकानदारों की दुकानें रातों-रात गायब हो गईं। सुबह जब दुकानदार अपने प्रतिष्ठानों पर पहुंचे तो वहां दुकानें न पाकर उनके होश उड़ गए।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के मुताबिक, मामला मिल एरिया थाना क्षेत्र के मलिकमऊ चौराहे के पास का है, जहां हाईवे किनारे सरकारी जमीन पर एक मोची, एक धोबी और सब्जी, परचून, मोबाइल, पान तथा बाइक मरम्मत का काम करने वाले कुल 12 दुकानदार अपनी लोहे की गुमटियों में रोजगार कर रहे थे। बीती रात ये सभी दुकानें गायब हो गईं और उस स्थान पर पिलर लगाकर घेराबंदी कर ली गई।
दुकानदारों को जब पता चला तो उन्होंने बताया कि दुकानों के पीछे की सड़क के पार एक अस्पताल निर्माणाधीन है और उसी अस्पताल के मालिक द्वारा रात के वक्त जेसीबी से जबरन दुकानें हटवा दी गई हैं। दुकान हटाए जाने का वीडियो आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों में कैद हो गया है। दुकानदारों का आरोप है कि पास के ही एक शख्स ने अस्पताल की पार्किंग बनाने के लिए इन दुकानों को हटवाया है। इन दुकानदारों का कहना है कि वे पिछले दो दशकों से इसी जगह पर अपनी दुकानें चला रहे थे।
पुलिस ने क्या कहा?
घटना की सूचना मिलने पर दुकानदारों ने पुलिस को तहरीर सौंपी है। इस संबंध में इंस्पेक्टर संजय कुमार ने बताया कि मामला संज्ञान में है और दुकानदारों की ओर से तहरीर मिली है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और जल्द ही सच्चाई सामने लाई जाएगी।














