उत्तर प्रदेश सरकार ने आज अपना 10वां बजट पेश किया, जिसमें वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने 9 लाख करोड़ रुपये से अधिक के बजट की घोषणा की, जो प्रदेश का अब तक का सबसे बड़ा बजट है। इस बजट में कृषि, रोजगार, निवेश, और युवाओं के लिए कई महत्वपूर्ण घोषणाएँ की गई हैं।
कृषि और कृषि क्षेत्र में सुधार
विश्व बैंक सहायता प्राप्त ‘यू.पी.एग्रीज’ परियोजना के तहत एग्री-एक्सपोर्ट हब की स्थापना की जाएगी, जिससे प्रदेश के किसानों को नए बाजारों में अपनी उपज का निर्यात करने का अवसर मिलेगा। इसके अलावा, ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत उद्योगों को प्रोत्साहन देने के लिए रजिस्ट्रेशन और लाइसेंसिंग की प्रक्रिया को और सरल बनाया जाएगा।
रोजगार और कौशल विकास पर जोर
प्रदेश में रोजगार के अवसरों को बढ़ाने के लिए युवाओं के लिए रोजगारपरक प्रशिक्षण और कौशल संवर्धन को प्राथमिकता दी जाएगी। इसके लिए पीपीपी मोड में कौशल विकास केन्द्रों की स्थापना की जाएगी, जिसमें महिलाओं के लिए अलग से केन्द्र बनाए जाएंगे।
पुलिस विभाग में भर्ती
वित्त मंत्री ने बताया कि 2017 से अब तक पुलिस विभाग में 2,19,000 से अधिक पदों पर भर्ती की गई है, जिसमें 1,83,766 पुरुष और 35,443 महिलाएं शामिल हैं। इसके अलावा, पुलिस विभाग में 60,244 आरक्षियों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं।
शिक्षकों की नियुक्ति
प्रदेश में 2017 से अब तक 34,074 शिक्षकों की नियुक्ति की जा चुकी है। इसके साथ ही मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के तहत युवाओं को सूक्ष्म उद्यम स्थापित करने के लिए गारण्टी मुक्त और ब्याज मुक्त ऋण प्रदान किया जा रहा है।
मनरेगा में रिकॉर्ड रोजगार सृजन
वर्तमान वित्तीय वर्ष में मनरेगा के तहत 20 करोड़ मानव दिवस सृजित किए गए हैं, जो कि देश में सर्वाधिक है। इससे 47.11 लाख परिवारों को रोजगार मिला है।
यह बजट यूपी के विकास और खुशहाली के लिए कई नए रास्ते खोलने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जो प्रदेश की युवा शक्ति, किसान और छोटे उद्यमियों को मजबूती प्रदान करेगा।



