चंडीगढ़। पंजाब के विवादित नेता अमृतपाल सिंह ने पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट से संसद के बजट सत्र में शामिल होने की अनुमति मांगी है। यह कदम उनके खिलाफ चल रही कानूनी कार्रवाई और सुरक्षा कारणों के बीच उठाया गया है। अमृतपाल सिंह का कहना है कि उन्हें संसद में अपने अधिकारों की रक्षा के लिए आवाज उठाने का मौका मिलना चाहिए, और इसलिए वह बजट सत्र में हिस्सा लेना चाहते हैं।
बता दें, अमृतपाल सिंह जो कि एक प्रसिद्ध सिख नेता और कट्टरपंथी विचारधारा के समर्थक हैं, पिछले कुछ समय से भारतीय सुरक्षा एजेंसियों के निशाने पर हैं। उन्हें विभिन्न आरोपों का सामना करना पड़ रहा है, जिसमें सार्वजनिक अशांति फैलाने और अन्य गंभीर अपराध शामिल हैं। इसके बावजूद, उन्होंने संसद सत्र में भाग लेने के लिए उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की है, जिसमें उनकी पेशी की अनुमति मांगी गई है।
बता दें, अमृतपाल सिंह के वकील ने अदालत में यह तर्क प्रस्तुत किया कि वह संसद के बजट सत्र में अपनी भूमिका निभाने के लिए जरूरी शर्तों और सुरक्षा उपायों के तहत उपस्थित होना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि वह पूरी तरह से कानून का पालन करते हुए संसद में हिस्सा लेने के लिए तैयार हैं। अदालत ने मामले पर विचार करने का आश्वासन दिया है और इसे जल्द ही सुने जाने की उम्मीद जताई है।
चरणबद्ध रूप से अदालत ने सुरक्षा संबंधित मुद्दों पर भी चर्चा की। पंजाब और दिल्ली पुलिस से सख्त सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया है, ताकि अमृतपाल सिंह की पेशी के दौरान कोई अप्रिय घटना न हो। अदालत का कहना है कि अगर कोई अन्य कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की जरूरत महसूस होती है, तो इसे भी लागू किया जाएगा।
अमृतपाल सिंह का यह कदम भारतीय राजनीतिक और कानूनी परिप्रेक्ष्य में एक नया मोड़ है। उनका संसद में भाग लेने का प्रयास विभिन्न विवादों और कानूनी मुकदमों के बीच एक नई दिशा ले सकता है। हालांकि, अदालत की सुनवाई के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि उन्हें संसद में भाग लेने की अनुमति मिलती है या नहीं।














