कैलिफोर्निया, अमेरिका में 22 वर्षीय भारतीय छात्र साकेत श्रीनिवासैया का शव छह दिनों की तलाश के बाद आज बरामद किया गया। साकेत पिछले छह दिनों से लापता थे, जिसके बाद उनके परिवार ने भारतीय सरकार से मदद की अपील की थी। सैन फ्रांसिस्को स्थित भारतीय कॉन्सुलेट ने आज शव मिलने की पुष्टि की और परिवार को हर संभव मदद का भरोसा दिया। इसके अलावा, साकेत के पार्थिव शरीर को भारत भेजने की तैयारियां शुरू कर दी गई हैं।

साकेत की आखिरी बार देखी गई जगह

साकेत श्रीनिवासैया को आखिरी बार 9 फरवरी को यूनिवर्सिटी ऑफ कैलिफोर्निया, बर्कले के कैंपस से लगभग 1 किलोमीटर दूर देखा गया था। इसके बाद से वह लापता हो गए थे। पुलिस और स्थानीय समुदाय ने मिलकर बड़े स्तर पर सर्च ऑपरेशन चलाया। बाद में एक पार्क के पास साकेत का बैग बरामद हुआ था, जिसमें उनका पासपोर्ट और लैपटॉप मौजूद था।

कर्नाटक के निवासी थे साकेत

साकेत मूल रूप से कर्नाटक के रहने वाले थे और बर्कले में केमिकल और बायोमॉलिक्यूलर इंजीनियरिंग में मास्टर डिग्री की पढ़ाई कर रहे थे। वह IIT मद्रास के पूर्व छात्र थे और बेंगलुरु के श्री वाणी एजुकेशन सेंटर से अपनी प्रारंभिक शिक्षा प्राप्त की थी।

लोकल पुलिस और समुदाय ने किया सर्च ऑपरेशन

साकेत के लापता होने के बाद, पुलिस और लोकल कम्युनिटी ने मिलकर सर्च ऑपरेशन शुरू किया था। 14 फरवरी को, पुलिस ने लेक एंजा से साकेत का शव बरामद किया, और इसकी पुष्टि 15 फरवरी को की गई। पिछले कुछ वर्षों में, भारतीय छात्रों के लापता होने के मामले तेजी से बढ़े हैं।

भारतीय दूतावास का बयान

साकेत की मृत्यु के बाद, भारतीय दूतावास ने बयान जारी किया। दूतावास ने कहा कि वह परिवार की पूरी मदद करने के लिए तत्पर है। भारतीय दूतावास ने यह भी भरोसा दिलाया कि वह लोकल पुलिस और प्रशासन से बात कर रहे हैं और जितनी जल्दी हो सके मृत शरीर को भारत भेजने की व्यवस्था करेंगे। दूतावास के कर्मचारी परिवार से लगातार संपर्क में हैं।

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