दिल्ली हाईकोर्ट ने उत्तर प्रदेश के पूर्व विधायक कुलदीप सेंगर से जुड़े एक अहम मामले में सुनवाई शुरू की। यह मामला पीड़िता के पिता की हिरासत में मौत से जुड़ा है। पीड़िता के पिता की मौत के बाद उनके परिवार ने अदालत से सजा बढ़ाने की मांग की है। पीड़िता का आरोप है कि कुलदीप सेंगर ने उसका बलात्कार किया था और इस मामले में न्याय की प्रक्रिया में कई खामियां सामने आई थीं।

इस सुनवाई में अदालत ने सेंगर और केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को नोटिस जारी किया है। अदालत ने मामले में सेंगर की सजा में वृद्धि के लिए दायर याचिका पर विचार करते हुए यह आदेश दिया। कुलदीप सेंगर को पहले ही बलात्कार मामले में 10 साल की सजा सुनाई गई थी, लेकिन अब पीड़िता के परिवार का दावा है कि सजा अपर्याप्त है और इसे बढ़ाया जाना चाहिए।

कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 2 मार्च 2026 को तय की है। इस मामले ने एक बार फिर से ध्यान आकर्षित किया है कि न्यायिक प्रक्रिया में सुधार की आवश्यकता है, खासकर ऐसे मामलों में जहां आरोपितों के खिलाफ गंभीर आरोप होते हैं।

यह मामला न्याय के लिए संघर्ष कर रहे लोगों के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है और उम्मीद जताई जा रही है कि उच्च न्यायालय इस मामले में जल्द और निष्पक्ष फैसला सुनाएगा, जिससे न्याय की प्रक्रिया में भरोसा और न्यायप्रियता बनी रहे।

'बटुकों का सम्मान करके चाहे जितना ढोंग कर ले लेकिन...' शंकराचार्य को लेकर BJP पर फायर हुए Shivpal!

शेयर करना
Exit mobile version