इन दिनों देश में कुछ दो से तीन मुद्दें हैं, जिसको लेकर बवाल मच रहा है….UGC और अलंकार अग्निहोत्री और शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद…और ये आपस में जुड़े हुए है….
दरअसल, UGC के नए नियम को लेकर देश में बवाल मचा हुआ है. इस मामले में सोशल मीडिया पर कई हैशटैग ट्रेंड कर रहे है. इस मामले में बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री अपने पद से इस्तीफा दे दिया और इसके बाद से विवाद और ज्यादा बढ़ गया….पूरे देश में UGC के नए नियम के विरोध में लोग इकठ्ठा हो गए है. दूसरी ओर सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री को उनके इस्तीफे के बाद में निलंबित कर दिया था….
बरेली में देर रात अलंकार अग्निहोत्री आवास छोड़कर गए…सरकारी आवास खाली किया, प्राइवेट गाड़ी से गए…इतना ही नहीं अलंकार अग्निहोत्री ने अपनी जान को खतरा बताया. देर रात तक अलंकार के समर्थक घर के बाहर जुट गए….
लेकिन इस पूरे मामले में सबसे बड़ी अपडेट ये सामने आ रही है कि अलंकार अग्निहोत्री का कलेक्टर गेट पर धरना देने बैठ गए है.कलेक्ट्रेट गेट पर भारी भरकम पुलिस फोर्स मौजूद है. प्रशासनिक अफसर, पुलिस अधिकारी उनसे बात कर रहे है.
इससे कुछ देर पहले की बात करें तो, अलंकार अग्निहोत्री ने मीडिया से भी बात की थी. इस दौरान अलंकार अग्निहोत्री ने कहा था कि निलंबन के खिलाफ कोर्ट जाएंगे. मेरे खिलाफ साजिश हो रही है…
चलिए अब आपको अलंकार अग्निहोत्री के बारे में डिटेल में बताते हैं.
अलंकार अग्निहोत्री कानपुर के एक साधारण परिवार से ताल्लुक रखते हैं. अलंकार अग्निहोत्री की शुरु से ही पढ़ाई लिखाई में होशियार रहे हैं. साल 1998 की यूपी बोर्ड परीक्षा में उन्होंने प्रदेश भर में 21वीं रैंक हासिल की थी.उन्होंने IIT-BHU से बीटेक की डिग्री ली.सिविल सेवा में आने से पहले उन्होंने 10 साल तक आईटी सेक्टर में कंसल्टेंसी की नौकरी की.अलंकार अग्निहोत्री ने अपने भाई-बहनों की जिम्मेदारी पूरी करने के बाद उन्होंने पीसीएस की तैयारी शुरू की और पहले ही प्रयास में चयनित हुए. वे उन्नाव, बलरामपुर और लखनऊ (एसडीएम) में तैनात रहे.मई 2025 में उन्होंने बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट का पद संभाला था.



